भोपाल। राजधानी के तलैया थाना इलाके में 16 जुलाई की सुबह शिक्षक सुभाष साहू ने बड़े तालाब में कूदकर खुदकुशी कर ली थी। सुसाइड नोट में उन्‍होंने सास-ससुर और साले द्वारा उन्‍हें बदनाम करने का आरोप लगाया था। इस वजह से खुदकुशी करने की बात लिखी थी। जांच के बाद पुलिस ने बुधवार को सुभाष के ससुर मदन, सास जमनाबाई, साले प्रदीप एवं साढ़ू भाई ज्ञानेश्वर के खिलाफ खुदकुशी के लिए उकसाने का केस दर्ज कर लिया है।

तलैया थाना पुलिस के मुताबिक छोला मंदिर क्षेत्र के शिवनगर निवासी 39 वर्षीय सुभाष साहू संगीत शिक्षक था। सुभाष की पत्नी इंदू साहू ने 14 जुलाई को घर में फांसी लगा ली थी। मरने से पहले उसने पति के फोटो पर लिखा कि मैं बेवफा नहीं हूं। घटना के बाद इंदू के पिता और भाई ने सुभाष और उसके पिता के साथ मारपीट भी की थी। साथ ही परिवार पर इंदू की हत्या करने का आरोप लगाया था। घटना के बाद से सुभाष काफी व्यथित था। 16 जुलाई को सुभाष ने भी बड़े तालाब में कूदकर खुदकुशी कर ली थी। मौत से पहले सुभाष ने एक सुसाइड नोट लिखा था। उसमें अपने साले प्रदीप साहू और ससुर मदन लाल, सास जमनादेवी एवं साढ़ू भार्इ को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया था। उसने लिखा था कि इन्होंने मेरे परिवार को बदनाम कर दिया। मैं उनके घर की इज्जत बचाने में लगा रहा और उन्होंने मेरे घर की बदनामी की। मुझे और मेरे परिवार को बदनाम किया। तलैया थाना पुलिस ने सुसाइड नोट जब्त कर मामले की जांच की थी। जांच में प्रताड़ना की पुष्टि होने पर बुधवार को पुलिस ने मदन लाल, जमनादेवी, ज्ञानेश्वर एवं प्रदीप के खिलाफ खुदकुशी के लिए उकसाने का केस दर्ज कर लिया है।

बता दें कि छोला मंदिर इलाके के शिवनगर में रहने वाले 39 वर्षीय सुभाष साहू संगीत टीचर थे। 14 जुलार्इ को उनकी पत्नी इंदू साहू (37) ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली थी। इंदू के भाई प्रदीप व पिता मदन लाल ने दामाद को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया था। सुभाष 16 जुलाई की सुबह घर से बाइक से निकले थे। उन्होंने वीआइपी रोड स्थित राजा भोज की प्रतिमा के पास बाइक खड़ी की और बड़े तालाब में कूदकर खुदकुशी कर ली। पुलिस ने गोताखोरों की मदद से उनका शव पानी से बाहर निकाला था। तब तक काफी देर हो चुकी थी। पुलिस को एक सुसाइड नोट मिला था। उसमें लिखा था कि मेरे परिवार को बदनाम कर दिया है। मैं उनके घर की इज्जत बचाने में लगा रहा और उन्होंने मेरे घर की बदनामी की। मुझे और मेरे परिवार को बदनाम किया। मुझे मानसिक यंत्रणा दी। यदि ये मेरे परिवार के खिलाफ कुछ भी करते हैं, तो मेरी मौत का कारण यही लोग माने जाएं। मेरी सास यमुना बाई, जीजी रामेश्वर साहू…। बाकी मैंने एक लेटर डिटेल में लिखा है, जो आपको बाद में मिल जाएगा। इसमें मैंने सारी सच्चाई लिख दी है… उनकी इज्जत, जो मैं अभी तक बचा रहा था। सुभाष की शादी गैरतगंज (रायसेन) की इंदू साहू (37) से तीन साल पहले हुई थी। इंदू सरकारी स्कूल में गेस्ट टीचर थीं। इंदू ने 14 जुलाई काे ससुराल में फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली थी। उन्होंने पति के फोटो के पीछे लिखा था- मैं बेवफा नहीं हूं। हथेली पर लिखा था- मैं अपनी मर्जी से जान दे रही हूं। मम्मी-पापा, भैया सारी… मेरा मंगल मेरी जान ले गया।