SI राजकुमार जाटव के हाथ में गोली लगने के बाद भी उन्होंने कई राउंड फायर किए

गुना : गुना के आरोन में शिकारियों से हुई मुठभेड़ में तीन पुलिसकर्मियों की गोली मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस टीम में शामिल ड्राइवर गंभीर रूप से घायल है। घटना शनिवार तड़के 3 से 4 बजे के बीच की बताई जा रही है। पुलिस की जवाबी फायरिंग में शिकारी नौशाद मेवाती मारा गया है। SI राजकुमार जाटव के हाथ में गोली लगने के बाद भी उन्होंने कई राउंड फायर किए।

घटना को लेकर मुख्यमंत्री ने उच्चस्तरीय बैठक बुलाई है। घटनास्थल पर देरी से पहुंचने पर ग्वालियर के IG अनिल शर्मा को हटा दिया गया है। मध्यप्रदेश सरकार ने तीनों पुलिसकर्मियों के परिवार को 1-1 करोड़ का मुआवजा देने का ऐलान किया है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि अपराधियों की पहचान हो गई है। पुलिस फोर्स को भेजा गया है।

SP राजीव कुमार मिश्रा का कहना है कि सगा बरखेड़ा की तरफ से बदमाशों के जाने की सूचना मिली थी। इनकी घेराबंदी के लिए 3-4 पुलिस टीम लगाई गई थीं। शहरोक के जंगल में 4-5 बाइक से बदमाश जाते हुए दिखे। पुलिस ने घेराबंदी की तो उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने भी जवाबी फायरिंग की।

शहीदों के अंतिम संस्कार में शामिल होंगे जिलों के प्रभारी मंत्री

इसमें सब इंस्पेक्टर राजकुमार जाटव, आरक्षक नीरज भार्गव और आरक्षक संतराम ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। शिकारियों के पास से पांच हिरण और एक मोर के अवशेष जब्त किए हैं। SI राजकुमार जाटव का अंतिम संस्कार अशोकनगर में होगा। आरक्षक संतराम का श्योपुर में, आरक्षक राजीव भार्गव का अंतिम संस्कार गुना में ही किया जाएगा। शहीदों के अंतिम संस्कार में जिलों के प्रभारी मंत्री शामिल होंगे।

गृह मंत्री बोले- ऐसी कार्रवाई करेंगे, जो नजीर बनेगी
नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि हमारे परिवार के तीन जांबाज सदस्यों की मौत हो गई। अपराधी कोई भी हो, पुलिस से बच के जा नहीं सकते। कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। सख्त से सख्त कार्रवाई हमलावरों पर की जाएगी। ऐसी कार्रवाई करेंगे, जो नजीर बनेगी। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान खुद घटना की मॉनिटरिंग कर रहे हैं।

नेता प्रतिपक्ष बोले- गृह मंत्री को इस्तीफा दे देना चाहिए
नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह बोले- गुना की घटना दुखद है। इससे स्पष्ट है कि प्रदेश में कानून व्यवस्था चौपट हो चुकी है। अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हैं कि अब वह पुलिस को ही नहीं छोड़ रहे। गुना की घटना के बाद तो गृह मंत्री को अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए।

घटना के बाद जागती है शिवराज सरकार: कमलनाथ
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा- आखिर शिवराज सरकार में अपराधियों के हौसले इतने बुलंद क्यों हैं? प्रदेश की कानून व्यवस्था की स्थिति इतनी लचर क्यों है? हर घटना के बाद जागना सरकार की आदत बन चुका है। घटना के दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई हो और भविष्य में इस तरह की घटना की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिये सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं।