जालोर 5 मई। जिले में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा संदेहास्पद व्यक्तियों एवं कोरोना संक्रमण की वास्तविक स्थिति का आंकलन करने के लिये विभिन्न स्थानों से रेन्डम सेम्पलिंग कर अब तक कुल 682 सेम्पल लिये गये हैं इनमें से 629 की रिपोर्ट नेगेटिव प्राप्त हुई हैं। 53 सेम्पल प्रक्रियाधीन हैं।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. गजेन्द्र सिंह देवल के निर्देशन में चिकित्साकर्मियों द्वारा डोर-टू-डोर सर्वे कर स्क्रीनिंग की जा रही है साथ ही विभिन्न गतिविधियां कर आमजन को कोरोना संक्रमण के प्रति जागरूक किया जा रहा है वहीं जिले में आने वाले प्रवासियों को होम अथवा संस्थागत क्वारन्टाईन किया जा रहा है। वहीं आईएलआई लक्षण वाले व्यक्तियों की विशेष तौर पर निगरानी रखी जा रही है।
कोरोना संक्रमण के लॉकडाउन में प्रवासियों को गृह जिलो में आने की छूट के पश्चात राजस्थान में सर्वाधिक प्रवासी जालोर जिले में आ रहे हैं। इसी संदर्भ में समस्त चिकित्साकर्मियों को सतर्क रहने के निर्देश दिये गये हैं। जिले में चिकित्सा विभाग के समस्त अधिकारियों एवं कार्मिकों को प्रत्येक प्रवासी की सघन स्क्रीनिंग तथा प्रत्येक प्रवासी को अनिवार्य रूप से होम अथवा संस्थागत क्वारेन्टाईन करने हेतु निर्देशित किया गया है वहीं चिकित्सा विभाग की टीमों को होम क्वारेन्टाईन किये गये व्यक्तियों एवं आईएलआई लक्षण वाले व्यक्तियों पर विशेष निगरानी रखने तथा एडवाईजरी अनुरूप होम क्वारेन्टाईन के नियमों की शत-प्रतिशत पालना करने हेतु पाबंद किया गया है।
जिले में आने वाले प्रवासियों से अपील है कि क्वारेन्टाईन दिवस में प्रशासन एवं चिकित्सा विभाग का सहयोग करें एवं चिकित्साकर्मियों द्वारा दिये जा रहे निर्देशां की पालना करें। यदि क्वारेन्टाईन दिवस में आपको स्वास्थ्य से संबधित कोई समस्या हो तो तुरन्त अपने नजदीकी स्वास्थ्य कार्यकर्ता, ग्राम सेवक, अध्यापक, सरपंच अथवा आशा सहयोगिनी को इसकी सूचना दें।
मंगलवार को जिले में 582 टीमों द्वारा सर्वे किया गया, वहीं जिले में अब तक 4 लाख 71 हजार 449 घरों का सर्वे किया जा चुका है तथा अब तक कुल 17 लाख 60 हजार 955 लोगों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है। स्क्रीनिंग के दौरान आईएलआई लक्षण जैसे सर्दी, जुकाम, बुखार, खांसी जैसे लोगो का विशेष तौर पर ध्यान रखने के निर्देश दिये गये हैं।